चंद्र ग्रहण के दौरान राहु द्वारा चंद्रमा को निगलते हुए दर्शाती भारतीय पौराणिक कथा और पृथ्वी की छाया का दृश्य

चंद्र ग्रहण क्यों लगता है? पौराणिक कथा और वैज्ञानिक कारण

भारतीय संस्कृति में आकाशीय घटनाओं का विशेष महत्व रहा है। सूर्य ग्रहण और चंद्र ग्रहण को केवल खगोलीय घटना नहीं माना गया, बल्कि इन्हें धर्म, ज्योतिष और आध्यात्म से भी जोड़ा गया है। विशेष रूप से…
कूर्म अवतार

कूर्म अवतार: भगवान विष्णु का दूसरा अवतार

कूर्म अवतार - हिंदू धर्म में भगवान विष्णु को सृष्टि के पालनहार के रूप में जाना जाता है। जब-जब पृथ्वी पर अधर्म बढ़ता है और धर्म की हानि होती है, तब-तब भगवान विष्णु अलग अलग अवतारों मे…
पशुपतिनाथ

भगवान पशुपति और पशुपतिनाथ मंदिर: करुणा, दया और आध्यात्मिकता का प्रतीक

भारतीय संस्कृति और धर्म में भगवान शिव को “पशुपति” के नाम से भी जाना जाता है। “पशुपति” का अर्थ है “पशुओं के स्वामी” या “सभी जीव-जंतुओं के अधिपति।” यह नाम भगवान शिव की करुणा, शरणागत वत्सलता…
भगवान विष्णु के कृष्ण, राम, वराह भगवान और नरसिम्हा अवतारों का रहस्यमयी संबंध

भगवान विष्णु के कृष्ण, राम, वराह भगवान और नरसिम्हा अवतारों का रहस्यमयी संबंध

भगवान विष्णु त्रिमूर्ति के एक प्रमुख देवता है जिन्हे हम सृष्टि के पालनहार के रूप मे भी जानते है । उन्होंने इस सृष्टि के उद्धार के कई अवतार लिए है जिनमे से प्रमुख अवतार 10 है…
सोमनाथ ज्योतिर्लिंग की उत्पत्ति: चंद्रदेव के श्राप की कथा

सोमनाथ ज्योतिर्लिंग की उत्पत्ति: चंद्रदेव के श्राप की कथा

सोमनाथ ज्योतिर्लिंग भगवान शिव इस जगत के हर कन कन मे बस्ते है। भगवान शिव को हम निराकार और साकार दोनों रूपो मे ही पूजते है। भगवान शिव का निराकार रूप उनके अनंत रूप को दर्शाता…
वृत्रासुर-एक महर्षि द्वारा प्रकट महाअसुर

वृत्रासुर-एक महर्षि द्वारा प्रकट महाअसुर

वृत्रासुर और देवराज इन्द्र इस कथा के अनुसार एक बार देवराज इंद्र के व्यवहार से रुष्ट होकर, देवताओं के गुरु बृहस्पति स्वर्गलोक से चले जाते है। देवराज को अपने इस कृत्य का खेद होता है लेकिन…
भगवान नटराज: शिव के पांव तले अज्ञानता की हार

भगवान नटराज: शिव के पांव तले अज्ञानता की हार

भगवान शिव का नटराज रूप हिंदू धर्म में एक अत्यंत महत्वपूर्ण और गूढ़ प्रतीक है, जो न केवल धार्मिक आस्था बल्कि गहरे आध्यात्मिक और दार्शनिक अर्थों को भी व्यक्त करता है। नटराज का अर्थ है ‘नृत्य…
बाली-सुग्रीव के जन्म की अनसुनी कहानी

बाली-सुग्रीव के जन्म की अनसुनी कहानी

सुग्रीव और बाली रामायण के मुख्य पात्र हैं।  बालि का अपने भाई सुग्रीव से युद्ध हो या सुग्रीव का प्रभु श्री राम का साथ देना।  दोनो ने ही अपनी एहम भूमिका निभायी।लेकिन इनके जन्म की कथाएं…